• Apr 10, 2026

भारत के खूबसूरत और शानदार द्वीपों में से एक अंडमान व निकोबार द्वीप समूह अपने शांत समुद्री तटों, स्वच्छ जल और संपन्न इतिहास के लिए जाना जाता है। अंडमान निकोबार मंत्रमुग्ध करते नज़ारे और पानी के भीतर के लुभावने परिदृश्य और उष्णकटिबंधीय मौसम की विशेषता लिए अद्भुत स्वर्ग है। अगर आप भी शहरी व्यस्तताओं की झंझटों से दूर क्वालिटी टाइम एन्जॉए करते हुए अद्भुत पर्यटन का आनंद लेना चाहते हैं तो अंडमान निकोबार आपके लिए सर्वोत्तम पर्यटन स्थलो ंमें से एक है जहां एशिया के सुदंरतम समुद्री तट, कई तरह की वाटर एक्टीविटीज और भी अन्य मनोरंजक गतिविधियों के माध्यम से शानदार समय बिता सकते हैं। आइए, अंडमान और निकोबार में पर्यटन के लिए 10 शानदार स्थानों के बारें में जानते हैं।

1. पोर्ट ब्लेयर

अंडमान निकोबार द्वीप समूह की राजधानी के नाम से प्रसिद्ध यह जगह अपने विहंगम समुद्री नजारों, स्वच्छ निर्मल तट और सजीव चट्टानों के समुद्री रत्नों की खोज कराता यह शहर अंडमान द्वीप समूह की रौनक है जहां वक्त की रफ्तार थमती हुई प्रतीत होती है। संपन्न और विविध ऐतिहासिक आकर्षण के साथ यहां बहुत कुछ एक्सप्लोर करने को है। समुद्री तटों पर कई सारी गतिविधियों का आनंद लेते हुए आकर्षक और मानसिक शांति प्रदान करने के साथ ही होने वाली वाटर एक्टीविटीज का लुत्फ ले सकते हैं। यहां के कॉर्बिन्स कोव बीच पर वाटर स्पोर्ट्स में सी कार्टिंग, जेट स्कीइंग, कायाकिंग, सर्फिंग, स्कूबा डाइविंग और नौकायन का आनंद ले सकते हैं। पोर्ट ब्लेयर अंडमान द्वीप समूह का सबसे बड़ा शहर है जो भारत के एकमात्र सक्रिय ज्वालामुखी, चूना पत्थर की गुफाओं, कीचड़ ज्वालामुखी और प्रवाल भित्तियों जनजातियों के साथ सुकून भरा अनुभव प्रदान करता है। 

प्रमुख आकर्षण: स्नेक आइलैंड एक्सप्लोर करें, सेल्युलर जेल जो कालापानी नाम से जानी जाती है, एक राष्ट्रीय स्मारक और ब्रिटिशकालीन शासन और भारतीय स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और साहस की कहानी बयां करता है। अंग्रेजो के समय में जब दूर किसी जेल में भेजना होता या काला पानी की सजा दी जाती तो इसका अर्थ यही होता कि इसी सेल्युलर जेल में कैद होना है, जो उस समय सबसे कठिन और एकांतवास का एहसास कराती हुई जगह मानी जाती थी। यहां सेलुलर जेल संग्रहालय, फोटो गैलरी, लाइब्रेरी, वीर सावरकर की कोठरी और विशिष्ट वास्तुकला का दर्शन करने के साथ ही शाम के समय यहां होने वाले लाइट एंड साउंड शो का आनंद ले सकते हैं। माउंट हैरियट राष्ट्रीय उद्यान की ऊंचाई से अंडमान के दक्षिणी हिस्से के सुरम्य तटों के विस्मित करते परिदृश्यों को देखें। 

कैसे पहुंचे

भारत स्थलीय भूमि से पोर्ट ब्लेयर जाने के लिए हवाई और जलमार्ग की सुविधा ही उपलब्ध हैं। 

हवाई मार्ग सेः यहां तक पहुंचने के लिए हवाई रास्ता उपयुक्त है, नजदीकी हवाई अड्डा वीर सावरकर इंटरनेशनल एयरपोर्ट है जिसे पोर्ट ब्लेयर एयरपोर्ट भी कहते हैं। हवाई अड्डे के बाहर से स्थानीय टैक्सी या ऑटो रिक्शा की मदद से पोर्ट ब्लेयर में कहीं भी घूम सकते हैं। 

जल मार्ग सेः पोर्ट ब्लेयर जाने के लिए पानी के रास्ते चेन्नई, कोलकाता और विशाखापत्तनम से नियमित यात्री जहाज सेवाओं के माध्यम से पहुंच सकते हैं, जिसमें यात्रा करने में लगभग 50-60 घंटों का सफर तय करना होता है। कोलकाता और चेन्नई से पोर्ट ब्लेयर के लिए महीने में लगभग तीन से चार जहाज यात्रा कराते हैं, तो वहीं विशाखापत्तनम से एक जहाज यात्रा कराता है। 

2. काला पत्थर बीचः

रेत से सजे इस समुद्री तट की शोभा देखते बनती है जब विभिन्न जगहों पर काली चट्टान के चूने पत्थर की बनावटों को प्रदर्शित करता हुआ अद्वितीय आकर्षण उत्पन्न करता है जो अन्यत्र कही और देखने को नहीं मिलता है। ऊंचे ऊंचे पत्थरों के समूहों के ढेर से गोलाकार आकार के तालाब बन जाते हैं जो ज्वार के समय पानी से लबालब भर जाते हैं जिनकी गर्माहट समुद्री स्नान का मजा कई गुना बढा देता है। धारदार चट्टानों और तेज धाराओं की वजह से कालापत्थर पर अच्छी तरह से तैर पाना या स्नॉर्कलिंग करना आसानी से संभव नहीं होता है। चट्टानों की ऊंचाईयों से दिखने वाले शानदार नजारे और यहां से दिखने वाली बटलर खाड़ी की झलक मनमोहक प्रतीत होती है। 

प्रमुख आकर्षणः रेतीली सुनहरी धरती, नीले पानी की मंत्रमुग्धता और हरियाली भरे आकर्षण और पास की काली सड़क की मंत्रमुग्धता, प्राकृतिक चमकीले मूंगे की शोभा देखते बनती है। यहां बसे काला पत्थर गांव की ग्रामीण जीवन शैली और यहां से आगे जाने पर धान के खेत और केले के बागानों के नजारे आकर्षक दिखाई देते हैं। शांत परिदृश्य और जीवन आकर्षण लहरदार सड़क के साथ और भी ज्यादा विशेष प्रतीत होता है जहां एकांत में बसा यह द्वीप अपने सुरम्य, आकर्षक और शांत वातावरण के साथ दुनिया के शोरगुल से खुद को दूर पाते हैं। वसंत ऋतु में यहां की खूबसूरती काली चट्टानों और सफेद रेत की सुदंर जुगलबंदी और भी अधिक सुदंर और शानदार बना देती है। इस समय न तो बहुत सर्दी होती है, और न ही बहुत अधिक गर्मी। सुहावने मौसम की छांव और हल्की समुद्री हवाओं के झोंके सुखद यादगार क्षणों को प्रदान करते हैं। 

कैसे पहुंचे 

काला पत्थर समुद्री तट पोर्ट ब्लेयर से तकरीबन 70 किमी और हैवलॉक जेटी से करीब 6.5 किमी दूरी पर है, जहां पहुंचने के लिए द्वीप के पूर्वी तट पर स्थित काला पत्थर तक जाने के लिए कई सारे विकल्पों की भरमार है, आप चाहें तो पैदल भ्रमण करते हुए या कैब, रेंटेड साइकिल या स्वयं अपने साधन से भी पहुंच सकते हैं, जहां जाने में लगभग 8-10 मिनट का समय लगता है। यहां बस की सुविधा नहीं है। 

3. एलिफेंट बीच

स्वराज यानी हैवलॉक द्वीप पर बसा हुआ यह रत्न बेहद शांत और छिपी हुई खूबसूरती का दीदार कराता हुआ नर्म सी श्वेत रेत का सुखद आभास प्रदान करता है। इस समुद्री तट की चौड़ाई और आरामदायक धूप पर्यटकों को खूबसूरत लगती है। एलिफेंट बीच के किनारे पर पाए जाने वाले विशाल और प्राचीन वृक्ष की विस्तृत छाया समुद्री तटों के आकर्षण को और ज्यादा खूबसूरत बनाता है। जोशीले समुद्री किनारे तन मन में उमंग उल्लास का संचार करते हैं जहां होने वाली जल क्रीड़ाओं की खूबसूरती और शानदार वातावरण की उपस्थिति हर किसी को यहां के प्रति और भी ज्यादा उत्साहित करती है। 

प्रमुख आकर्षणः एलिफेंट बीच पर स्पीड बोट की सवारी का लुत्फ लें, जंगल में लगभग 2.5 किमी ट्रेकिंग का अनुभव ले सकते हैं, जो रोमांच के शौकीन लोगों के लिए शानदार आकर्षण हैं। हरियाली, विभिन्न पंछियो के स्वर और विविध वन्य जीव प्रजातियों के दीदार करने का अवसर मिलता है। स्नार्कलिंग कर गहरे समुद्री जीवन को एक्सप्लोर करें जिसमें प्रवाल भित्तियों की जीवंतता, रंगीन मछलियो के समूहों की विविधता और स्वच्छ जल का अनुभव सहेंजे। एलिफेंट द्वीप पर हरे भरे जंगलों और भव्य समुद्री तटों के साथ पैरासेलिंग का मजा लेना पर्यटको को रिझाता है। यहां ग्लास बॉटम नाव की सैर करते हुए आप समुद्री जीवों को बिना परेशान किए और बिना पानी को हाथ लगाए भरपूर आनंद ले सकते हैं। विशेष हैलमेट की मदद से समुद्र के अंदर पैदल चलते हुए सैर का आनंद लेना बेहद रोमांचक अनुभव देता है, भले ही आपको तैरना न आता हो। बनाना राइड, मैंग्रोव कायाकिंग, जेट स्कीइंग का आनंद ले सकते हैं। 

कैसे पहुंचे 

एलिफेंट बीच, हैवलॉक द्वीप में स्थित है जहां दो तरह से पहुंचा जा सकता है। एलिफेंट बीच तक पहुंचने का सबसे सरल तरीकों में से स्वराज यानी हैवलॉक द्वीप बंदरगाह से नाव के माध्यम से एलिफेंट द्वीप पहुंचना है। इस तरह यात्रा करने में लगभग 20 मिनट का समय लग सकता है। इसके अलावा आप चाहे तो राधानगर बीच से एलिफेंट बीच तक पैदल भ्रमण करते हुए भी जा सकते हैं जिसमें लगभग 30 से 40 मिनट का समय लग सकता है। 

4. राधानगर बीच

हैवलॉक द्वीप समूह के पश्चिम में मौजूद राधानगर बीच की गिनती एशिया के सर्वश्रेष्ठ शानदार दस समुद्री तटों में होती है जहां नर्म मुलायम रेतीले आकर्षण, आसमानी रंगों से सजे समुद्र के पानी की शोभा और श्वेत रंगो को दर्शाती लहरों के आकर्षण हरी भरी हरियाली और सूर्यास्त की शानदार रंगत बिखेरते परिदृश्यों की श्रृंखला जन्नत जैसा आकर्षण पैदा करती है। यहां बीच पर बनी बेंच और कुर्सियों की सुविधा घने ऊंचे पेड़ो की छाया में और भी ज्यादा खास लगती हैं। प्राकृतिक सुदरता और शाम के समय राधानगर बीच में समय बिताना इसके फिरोजी नीले पानी और लंबे समुद्री तट की रेत को निहारना प्रकृति की खूबसूरत सौगात प्रदान करता हुआ प्रतीत होता है। अगर आपको जल के साथ समय बिताना बेहद पसंद है तो राधानगर बीच को एक्सप्लोर करना तो बनता ही है। 

प्रमुख आकर्षणः वैश्विक स्तर पर प्रसिद्ध यह बीच अपनी स्वच्छ, सुरक्षित और अनुकूल पर्यावरण के कारण ब्लू फ्लैग द्वारा प्रमाणित है। राधानगर बीच पर फोटोग्राफी का शानदार अनुभव लें जहां सुरम्य प्राकृतिक वातावरण में बेहतरीन तस्वीरों का संग्रह करना लुभाता है। समुद्री तट, घनी हरियाली और स्वच्छ नीले आकाश के नीचे निर्मल जल में होती वाटर एक्टिविटीज का लुत्फ ले सकते हैं। इस बीच को नंबर 7 नाम से भी जाना जाता है, जहां नाममात्र शुल्क पर सशुल्क शॉवर और लॉकर की सुविधा भी उपलब्ध है। 

कैसे पहुंचे 

राधानगर बीच हैवलाक द्वीप समूह का हिस्सा है जो राजधानी पोर्ट ब्लेयर से तकरीबन 55 किमी दूरी पर है। पोर्ट ब्लेयर से हैवलॉक द्वीप का सफर सिर्फ जलमार्ग से ही संभव है जहां पहुंचने में सामान्यतः 2 से 3 घंटे का समय लग सकता है। हैवलॉक द्वीप पर पहुंचने के बाद टैक्सी, या किराए पर स्कूटी, साइकिल लेकर राधानगर बीच तक जाना आसान है। 

5. हैवलॉक द्वीप 

वर्तमान में स्वराज द्वीप के नाम से मशहूर यह द्वीप अपने रेतीले नर्म आकर्षण, शांत समुद्री तट, स्वच्छ क्रिस्टल क्लियर जल और हरियाली से संपन्न मैंग्रोव वनों की उपस्थिति और कई सारे शानदार समुद्री तटों के समूहों के शांत ग्रामीण जीवनशैली, सजीव प्रवाल भित्तियों की मौजूदगी द्वीपीय रहन सहन और सुकून भरे पलों को एन्जॉए करने का अवसर प्रदान करता है। स्वराज द्वीप ब्रिटिश काल मे यहां के जनरल हेनरी हैवलॉक के नाम से जाना गया जिसका नाम 2018 में बदलकर सुभाष चंद्र बोस की याद में स्वराज रखा गया। जीवों की विविध प्रजातियों के दर्शन कराता है जो रिची द्वीपसमूह का एक हिस्सा है, यहां मौजूद प्रवाल भित्तियां, समुद्री घास के मैदान और मैंग्रोव पारिस्थितिकी तंत्र का अनुभव ले सकते हैं। 

प्रमुख आकर्षणः राधानगर बीच के मंत्रमुग्ध करते सूर्यास्त नजारों को देखें, लाइफगार्ड झंडो के पास तैराकी, भ्रमण और फोटोग्राफी का आनंद सहेजें। यहां के समुद्री तटों पर स्नाकर्लिंग, समुद्री सैर और प्रवाल भित्तियों को निहारें। स्कूबा डाइविंग के लिए उपयुक्त चट्टानी स्थलो पर भ्रमण करने पहुंचे। फिशिंग, कायाकिंग, समुद्री तटों की सैर, साइक्लिंग और आराम करें। रोमांचक गतिविधियों के अलावा स्थानीय व्यंजनों का स्वाद चख सकते हैं, साथ ही खरीदारी का अनुभव लेते हुए संस्कृति का अवलोकन प्र्रिय अनुभव देता है। शांत और धीमी जीवन शैली जहां स्थानीय रीति रिवाज और कोमल पारिस्थितिकी तंत्र की विविधता के मर्मस्पर्शी एहसास को यादगार बनाएं। 

कैसे पहुंचे 

राजधानी पोर्ट ब्लेयर से करीब 55 किमी की दूरी पर अवस्थित हैवलॉक या स्वराज द्वीप तक आने के लिए आपको एकमात्र जलमार्ग का ही विकल्प है जहां आप तकरीबन 2 से 3 घंटे में यहां पहुंच सकते हैं। 

6. नील द्वीप 

अंडमान द्वीप समूह में मौजूद इस द्वीप पर साहसिक गतिविधियों और नैसर्गिक सुदंरता की चाह रखने वालो के लिए मनचाहा स्थान है। यहां आप लक्ष्मणपुर और नेचुरल ब्रिज जैसे शानदार समुद्री तटों पर विश्राम, स्कूबा डाइविंग और कायाकिंग जैसी कई वाटर एक्टिविटीज का अनुभव ले सकते हैं। इसके अलावा स्थानीय संस्कृति और द्वीपीय शांति को बिखेरता यह स्थान उष्णकटिबंधीय अंडमान और निकोबार द्वीप समूह की छिपी हुई खूबसूरती है। 

प्रमुख आकर्षणः नील द्वीप के लक्ष्मणपुर बीच पर आराम फरमाए जहां तटों की खूबसूरती और समुद्र्री लहरों की आवाजें मन की आंतरिक शांति को दृढता प्रदान करती है। स्नॉर्कलिंग के शौकीन है तो भरतपुर बीच का दौरा करें जहां मंत्रमुग्ध करते जीवंत प्रवाल भित्तियों की मौजूदगी और स्वच्छ जल की उपस्थिति समुद्री लहरों के भीतर सांस लेते जीवन और अद्भुत कारनामों को देखने का रोमांचक अवसर देता है। नील द्वीप के तट पर बने हावड़ा ब्रिज के भूविज्ञान चमत्कार का दीदार करें जो प्रकृति की देन है। प्रकृति की कलाकृतियों को दर्शाता यह स्थान चूना पत्थर की चट्टानों से टकराती लहरों की अपरदन क्षमता से यह स्थल और सागर के मध्य भव्य द्वार के रूप में खड़ा है। नील द्वीप के रामनगर तटीय खूबसूरती को निहारें जो सुनहरी रेत की छवि को प्रदर्शित करते हुए सूर्य की रोशनी, ताड़ के वृक्षों की लहरदार तरंगे और समुद्री झंकार सुनाती लहरों के मधुर स्वर शानदार पिकनिक के एहसास को और भी ज्यादा शानदार बनाते हैं। यहां मौजूद मूंगों की नुकीली छवियां परस्पर तैराकी के लिए सावधान करती हुई प्रतीत होती है। नील द्वीप के चारों ओर मौसम के सुहाने अंदाज का मजा लेते हुए साइकिल चलाने का मजा लें। ग्लास बॉटम बोटिंग का अनुभव सहेंजे। मछली पकड़ने और समुद्री जीवन का आनंद लेते हुए सीतापुर बीच को एक्सप्लोर करें। योग सत्रो में भाग लेकर शांतिपूर्ण ब्रेक लें। समुद्री किनारों पर कैपिंग का अनुभव लें। 

कैसे पहुंचे 

पोर्ट ब्लेयर से नील द्वीप तक की यात्रा के लिए नौका विहार करते हुए पहुंच सकते हैं जहां तकरीबन 1.5 से 2 घंटे का समय लगता है। यहां के लिए मकरूज़ और ओशन नौकाएं पर्यटकों को विशेष रूप से पसंद आती है। पोर्ट ब्लेयर से नील द्वीप तक की यात्रा के दौरान सुहाने दृश्य और समुद्री यात्रा का लुत्फ लें।

7. बारातांग द्वीप

बारातांग द्वीप ग्रेट अंडमान द्वीपसमूह मे उत्तरी अंडमान के प्रमुख द्वीपों में से एक है जो राजधानी पोर्ट ब्लेयर से तकरीबन 110 किमी दूरी पर है। बारातांग द्वीप में रोमांचक गतिविधियों और दर्शनीय स्थलों की यात्रा के लिए प्रसिद्ध है। समुद्री विशेषताओं के अनोखेपन के लिए प्रमुख यह द्वीप प्राकृतिक विविधताओं और खूबसूरती का असली प्रमाण देता है। सघन मैंग्रोव वनों के झरने, चूने पत्थर से निर्मित गुफाएं, शांत समुद्री तट, ज्वार से बने दलदली जंगल विविध तरह के आकर्षण पैदा करते हैं। इस द्वीप की एक अद्वितीय विशेषता, यहां की ऐसी प्राकृतिक देन है जो पूरी पृथ्वी की एकमात्र जगह है- कीचड़ ज्वालामुखी या जलकी की मौजूदगी। जरावा जनजातीय आकर्षणों और रहन सहन के साथ ही उनकी जीवन शैली को देख सकते हैं। अंडमान की हरियाली, वनस्पतियों व जीव जंतुओं के आकर्षण बारातांग द्वीप की खूबसूरती को और भी ज्यादा बढाते हैं।

प्रमुख आकर्षणः प्रकृति पसंद लोगों के लिए यहां स्वाभाविक सुदंरता और कई सारी विविधताओं भरे वन्य जीवों के आकर्षण देखने को मिलते हैं। स्टैलेक्टाइट्स, स्टैलेग्माइट्स और चट्टानी संरचनाओं के साथ ही चूना पत्थर से बनी बेहतरीन कुदरती गुफाओं का अन्वेषण करें। इसके अलावा विविध पक्षियों की श्रृंखला जहां पैरट आइलैंड जगह की खूबसूरती का जायजा स्वयं ले सकते हैं। सूर्यास्त के समय कई हजारों रंगीन तोते अपने घोंसले में वापसी करते हुए बेहद प्रिय लगते हैं। कीचड़ ज्वालामुखी जहां छोटा सा उबलता हुआ तालाब विज्ञान और प्रकृति का अद्भुत सम्मिश्रण प्रस्तुत करता है। यहां के बलुडेरा बीच के मार्मिक और शांत परिवेश का अवलोकन करें जहां ज्यादा भीड़ नहीं होती है।

कैसे पहुंचे

बारातांग द्वीप पहुंचने के लिए पोर्ट ब्लेयर से सड़क मार्ग और जल मार्ग विकल्प से जाया जा सकता है। पोर्ट ब्लेयर से बारातांग द्वीप के लिए चलने वाली नौकाएं हैवलॉक द्वीप तक जाती है जो बारातांग से तकरीबन 170 किमी दूर है, नौकाएं बारातांग होते हुए हैवलॉक द्वीप जाती है। सड़क मार्ग से जाने के लिए पोर्ट ब्लेयर से बस, कार या जीप बेहतरीन विकल्प हैं जहां पहुंचने में तकरीबन 4.30 घंटे से 5 घंटे का समय लगता है। पोर्ट ब्लेयर से बारातांग की यात्रा दो भागों में होती है, पहले पोर्ट ब्लेयर से तकरीबन 40 किमी की दूरी पर स्थित जिरकटांग तक, फिर जिरकटांग से बारातांग तक जो लगभग 50 किमी दूर है।

8. जॉली बॉय द्वीप

दक्षिणी अंडमान का छोटा सा यह द्वीप एक तरफ समुद्री तट और अन्य तरफ एक चट्टान है जो पानी में खत्म हो जाती है। संरक्षित क्षेत्र होने के साथ ही यह प्लास्टिक मुक्त द्वीप है जो महात्मा गांधी समुद्री अभयारण्य से नजदीकी सीमा पर है। भले ही यहां पर नारियल या ताड़ के वृक्ष नहीं है लेकिन यहां का छोटा घना उष्णकटिबंधीय वन इस द्वीप के तकरीबन 70 प्रतिशत भाग पर मौजूद है। अंडमान के इस हिस्से पर सघन और अनोखी प्रवाल द्वीपों की संपन्न जैव विविधता आकर्षित करती है जहां उत्साही और शानदार प्रिय मछलियों की प्रजातियां आकर्षित करती है। रोमांच और साहसिक अनुभव प्रदान करते इस द्वीप का पानी उथला और स्वच्छ है जहां समुद्री तल और जीवों की स्पष्ट छवि दिखती है। कभी कभी जब ज्वार मे कमी होती है तब पानी के उथलेपन के कारण मूंगों की मौजूदगी पानी से झांकती हुई प्रतीत होने लगती है, ऐसे में स्नोर्कलिंग न करने की सलाह दी जाती है जिससे मूंगो को नुकसान न हो।

प्रमुख आकर्षणः जॉली बॉय द्वीप मेंं आप ट्रेकिंग का अनुभव ले सकते है। कांच की तली वाली नाव में बिना भीगे समुद्री भ्रमण करें, जहां घनी प्रवाल भित्तियों और उनकी सुदरता को देखना आनंददायक है। स्कूबा डाइविंग का आनंद लें और प्रकृति की सैर करें। यह प्लास्टिक मुक्त क्षेत्र है इसलिए यहां बिल्कुल भी पॉलीथिन छोड़ना सख्त मना है। यहां पर बारिश से बचने के लिए किसी भी तरह की कोई सुविधा नही है, इसलिए कोशिश करें कि कपड़े गीले न हो।

कैसे पहुंचे

पोर्ट ब्लेयर से जॉली बॉय द्वीप पहुंचने के लिए वांडूर बीच तक की यात्रा बस या टैक्सी के जरिए करनी हैं और वांडूर बीच से नाव की मदद से आप जॉली बॉय द्वीप की यात्रा पर पहुंच सकते हैं। पोर्ट ब्लेयर से वांडूर बीच की दूरी लगभग 30 किमी है।

9. नॉर्थ बे द्वीप

अंडमान द्वीप समूह के सर्वाधिक प्रसिद्ध स्थानों में से एक यह द्वीप पोर्ट ब्लेयर के उत्तर में स्थित है। संपन्न प्रवाल भित्तियों के आकर्षण, साफ स्वच्छ पानी और अंडमान निकोबार के लाइट स्तंभ के रूप में प्रसिद्ध यह स्थान भारतीय मुद्रा के 20 रूपये के नोट के पीछे ही चित्रित किया गया है, जिसमें आसपास के दृश्य का नजारा भी मनमोहक लगता है। यह द्वीप न सिर्फ विश्राम के लिए बल्कि कई सारी गतिविधियों का भी केंद्र है जहां आप कई सारी जल क्रीड़ाओं का आनंद ले सकते हैं। कांच के नाव की सवारी, समुद्री सैर, स्नार्कलिंग और स्कूबा डाइविंग का आनंद ले सकते हैं। इसके अलावा आप यहां खाने पीने की चीजों का आनंद ले सकते हैं जहां चीनी स्नैक्स और पेय पदार्थों को एन्जॉए कर सकते हैं। 

प्रमुख आकर्षणः समुद्री सैर करने के लिए आप यहां खास हेलमेट की मदद से पानी के अंदर भ्रमण कर सकते हैं। दुर्लभ समुद्री जीवों और कोरल बेल्ट से भरी पानी के आश्चर्यजनक वातावरण का लुत्फ ले सकते हैं वाकई सी वॉकिंग एक अद्भुत और यादगार अनुभव है। जेट स्की की सवारी, पैरासेलिंग रोमांचक गतिविधियों के साथ ही कई अन्य गतिविधियो का आनंद ले सकते हैं जिसमें ग्लास बोट में सवारी करना, स्कूबा डाइविंग और स्नार्कलिंग प्रमुख हैं। 

कैसे पहुंचे 

पोर्ट ब्लेयर से जेट स्कीइंग, ग्लास बोट या स्पीड बोट के माध्यम से नार्थ बे द्वीप पहुंच सकते हैं। 

10. रॉस और स्मिथ द्वीप

अंडमान निकोबार के यह द्वीप जुडंवा द्वीप के रूप में लोकप्रिय पर्यटन स्थल है जो दिगलीपुर उत्तरी अंडमान में स्थित है। साफ स्वच्छ समुद्री जल और शांत वातावरण के आकर्षण आपको न सिर्फ विश्राम प्रदान करते हैं बल्कि रोमाचंक गतिविधियों का आनंद भी देते हैं। भारत के सबसे खूबसूरत और शानदार स्थानो में से एक यह द्वीप समूह हरे भरे जंगलो से घिरी जगह है जहां कई छोटे बड़े द्वीपों की रौनक देखने को मिलती है। इन द्वीपो का जुड़ाव प्राकृतिक रेतीले पुल से जुड़ा हुआ है जहां ज्वार कम होने पर आप रेत के पुल को पार कर दूसरे द्वीप की ओर आसानी से पहुंच सकते हैं और जब पानी पुल से ढक लेता है तब दोनो आईलैण्ड अलग अलग दिखाई देते हैं। स्मिथ द्वीप हरियाली से परिपूर्ण और शांति प्रदान करता अनोखा स्थान है जहां नारियल के पेड़ों की अधिकता और एक छोटे से गांव की झलक बेहद आकर्षित करती है। रॉस द्वीप जंगली है जहां घने सघन वनों की अधिकता देखने को मिलती है। यहां समुद्री तटों पर आराम करना, रेतीले पुल पर चलना और प्राकृतिक अजूबों को निहारना बेहद आकर्षक लगता है।

प्रमुख आकर्षणः समुद्र किनारे विश्राम कर सकते हैं, जहां आप इस के जल में तैराकी का अनोखा अनुभव भी ले सकते है। रेतीले पुल पर सैर करने का अविस्मरणीय यादगार अनुभव लें। हरे भरे जंगलों की फोटोग्राफी का मजा लें। 

कैसे पहुंचे

पोर्ट ब्लेयर से डिगलीपुर के लिए पानी जहाज, बस या फिर कार के माध्यम से आना है जो करीब 275 किमी दूरी पर है, इसके बाद दिगलीपुर से रॉस स्मिथ द्वीप के लिए नाव की सवारी कर पहुंच सकते हैं जो करीब 20 मिनट का रास्ता है।

निष्कर्ष

अंडमान निकोबार द्वीप समूह, भारतीय जलीय भूमि का बेहद आकर्षक और लुभावना स्थान है जहां कई सारी रोमांचक गतिविधियों के साथ इन्हें निहारना और समय बिताना यादगार अनुभव प्रदान करता है। रेतीले तटों की शोभा, प्रवाल भित्तियो के सजीव आकर्षण इसके अलावा अंडमान यात्रा में कई ऐसे प्राकृतिक उपहार है जो हमेशा अविस्मरणीय पलों को साझा करते हैं।