• Dec 10, 2025

रंग बिरंगी रोशनी से सजे क्रिसमस ट्री और दिसम्बर महीने की उत्सवी रौनक जब पूरे विश्व में वातावरण अद्भुत और खुशनुमा हो जाता है। भारत के हर कोने में क्रिसमस की धूम देखने लायक होती है जहां औपनिवेशिक शहरों से लेकर हिमालयी चोटियों के आकर्षण और भी ज्यादा शानदार प्रतीत होते हैं। मन मस्तिष्क पर छाई जिंगल बेल की धुन और तरंगे इस त्यौहार की खुमारी में चार चांद लगा देती हैं। जब केक, कैंडी और चारों ओर बजते बॉबल्स की मधुर आवाजें फेस्टिव वाइब्स को और भी ज्यादा ताज़गी प्रदान करते हैं। भारत में क्रिसमस का जोश, उमंग, उल्लास देखते बनता है , आइए, क्रिसमस के त्यौहारी सीजन में भारत में घूमने की शानदार जगहों की चर्चा करते हैं और इस फेस्टिवल को बढिया से एन्जॉए करते हैं।

1. मेघालयः

क्रिसमस के मौसम में पूर्वोत्तर की शोभा देखने लायक है जहां मेघालय के शिलांग में कैथोलिक समुदाय की ठीकठाक आबादी इस त्यौहार को बेहद ही जोश व धूमधाम से मनाती है, जो भारत में क्रिसमस के दौरान घूमने के लिए सर्वोत्तम स्थानों में से एक है। इस समय यहां का वातावरण मंत्रमुग्ध करता हुआ भव्य और विशेष लगता है। शिलांग क्रिसमस के समय तरह तरह की मनोरंजन गतिविधियों और आकर्षक छवि प्रदान करता है। जो इसे इस त्यौहारी सीजन में घूमने के लिए सबसे सुरम्य जगहों में से एक बनाता है।

घूमने योग्य आकर्षणः शिलांग कैथोलिक कैथेड्रल, लैतुमखरा प्रेस्बिटेरियन चर्च, ऑल सेंट्स चर्च
करने योग्य गतिविधिः क्रिसमस की पूर्व रात्रि में प्रार्थना सभा में शामिल हो सकते हैं और प्राचीन समय के देवदार चीड़ के वृक्षों पर जगमगाती रोशनी का आनंद लें।

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से

शिलांग से करीब 35 किमी दूरी पर उमरोई में स्थित एयरपोर्ट के माध्यम से स्थानीय वाहनों से पहुंच सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

गुवाहाटी रेलवे स्टेशन जिसकी दूरी करीब 100 किमी है जहां आप सड़क रास्ते से तय कर पहुंच सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

देश के प्रमुख शहरों से असम गुवाहाटी के रास्ते से शिलांग मेघालय पहुंच सकते हैं जहां आप सरकारी या निजी वाहनों के जरिए पहुंच सकते हैं। 

2. गोवा

गोवा क्रिसमस के दौरान पर्यटन के लिए श्रेष्ठ जगहों में से जाना जाता है जहां मस्ती धूम और सेलिब्रेशन वाइब्स चरम पर होती है। चर्चों में होने वाली भीड़, शांत समुद्री किनारों पर चलती क्रिसमस की पार्टीज, पब और बार में दोस्तों संग मस्ती और वाइन बोटल, लाइट्स और फूलों से सजी गलियां, प्रार्थना करते लोग और गाते हुए बच्चों की मधुर आवाजें क्रिसमस की रौनक को और भी ज्यादा बढाते हैं। मनोरंजन के लिए यहां किसी प्र्रकार कोई कमी नहीं होती है, शानदार समुद्री तट, किलों की राजसी खूबसूरती, मॉल की सजावट और स्वादिष्ट केक का स्वाद अवश्य चखना चाहिए। इसके अलावा यदि आप अपने लक पर भरोसा करते हैं तो कैसीनो को भी आजमा सकते हैं।

घूमने योग्य आकर्षणः बॉसीलिका ऑफ बॉम जीसस, सांता क्रूज, सी कैथेड्रल, इसके अलावा यहां करीब 400 से भी ज्यादा गिरिजाघर है जहां आप क्रिसमस की रौनक निहार सकते हैं। 
करने योग्य गतिविधियांः प्रार्थना सभा में शामिल होने के अलावा स्थानीय व्यंजनों का स्वाद चख सकते हैं। बेबिन्का, विंदालू, फल और बेर केक से लेकर सोरपोटेल का बेमिसाल स्वाद चख सकते हैं। स्थानीय क्रिसमस बाजारों से खरीदारी का अनुभव लें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

गोवा में डाबोलिम हवाई अड््डा और वास्कोडिगामा एयरपोर्ट है जहां से आप गोवा की सैर को आराम से पहुंच सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

गोवा के नजदीकी में वास्कोडीगामा, मडगांव, करमाली और थिविम कुल चार प्रमुख रेलवे स्टेशन है जहां से आप कहीं से भी गोवा की यात्रा संपन्न कर सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

महाराष्ट्र, कर्नाटक के विभिन्न शहर गोवा से अच्छी तरह जुड़े हुए हैं जहां आप सार्वजनिक या निजी वाहनों से गोवा पहुंच सकते हैं। 

3. पांडिचेरी

फ्रांसीसी औपनिवेशिक शहर पांडिचेरी क्रिसमस पर किसी स्वर्ग से कम नहीं लगता, जहां आज भी फ्रांसीसी संस्कृति की भरपूर झलक देखने को मिलती है, जिसमें उनकी परंपराएं और रीति रिवाजों की स्पष्ट दृष्टि दिखाई देती है। दिसम्बर का लुभावना मौसम, समुद्री तटों की शांति और यहां अवस्थित कई सारे शानदार गॉथिक और कैथेड्रल चर्चों की खूबसूरती पांडिचेरी को क्रिसमस के दौरान घूमने के लिए विशेष बनाता है। गिफ्ट्स का आदान-प्रदान, नमकीन कुरकुरी डिशेज के स्वाद, आर्टिफिशियल क्रिसमस ट्री की सजावट और झिलमिलती रोशनी के परिदृश्य और मधुर संगीत की धुनें हर किसी को पांडिचेरी के क्रिसमस के लुक से रूबरू कराती हैं।

घूमने योग्य आकर्षणः चर्च ऑफ आवर लेडी ऑफ एंजेल्स, कॉन्सेप्शन कैथेड्रल चर्च के अलावा यहां के शानदार गिरिजाघरों की शोभा और वास्तुकला आकर्षक प्रतीत होती है। व्हाइट टाउन का भ्रमण कर फ्रांसीसी औपनिवेशिक की विशेषताओं का दर्शन करें।
करने योग्य गतिविधियांः समुद्री तटों पर क्रीड़ाओं का आनंद लें, ऑरोविले में दोपहर का समय बिताएं, कारीगरों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भ्रमण करें और बाजारों से हस्तनिर्मित उपहार और खुशबूदार मसालों को खरीदें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

पांडिचेरी एयरपोर्ट के माध्यम से आप हवाई रास्ते से आराम से पांडिचेरी की सैर को पहुंच सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

नजदीकी रेलवे स्टेशन विल्लुपुरम जंक्शन है जिसकी पांडिचेरी से दूरी लगभग 35 किमी है। इसे स्थानीय तौर पर तय कर पांडिचेरी का सफर किया जा सकता है। 

सड़क मार्ग से 

भारत में सड़क मार्ग परिवहन का सुलभ साधन है, ऐसे में पांडिचेरी पहुंचने के लिए तमिलनाडु के किसी भी शहर से आसानी से स्थानीय बस या अपने निजी वाहन से पहुंच सकते हैं।

4. केरल

केरल अपने बैकवाटर्स की शोभा के साथ ही क्रिसमस की धूम के लिए भी शानदार आकर्षण है, जहां ज्यादातर लोग गोवा की ओर रूख करते हैं वहीं शांतिप्रिय लोग क्रिसमस का आनंद लेने के लिए केरल की ओर निकलते हैं। आधी रात के समय कैरोल गान, क्रिसमस पर होने वाली नाटिकाएं, स्थानीय लोगों के साथ त्यौहारी खुशियां बांटना, समुद्री तटों पर अलाव जलाकर यादगार समय बिताना। दक्षिण भारत में केरल क्रिसमस को एन्जॉए करने का बेहतर स्थान है। 

घूमने योग्य आकर्षणः सेंट मेरी कैथेड्रल, माद्रे डी डेस चर्च, सेंट जोसेफ कैथेड्रल, एथडुआ चर्च, आथुर्कंल चर्च और विमलगरी चर्च के साथ ही कई सारी जगहों पर क्रिसमस के समय घूमने जाते हैं। 
करने योग्य गतिविधियांः समुद्री किनारों पर होने वाली पार्टीज जश्न का आनंद ले सकते हैं। कोच्चि में होने वाले कोचीन कार्निवाल का आनंद लेने के साथ ही यहां सांता क्लॉज का एक विशाल पुतला भी सजाया जाता है, जिसे खुशियों को देने का प्रतीक माना जाता है। क्रिसमस कैरोल की मधुर धुनों को एन्जॉए कीजिए। क्रिसमस कार्ड और तोहफों के लिए फोर्ट कोच्चि मार्केट का दौरा कीजिए। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

केरल में करीब 6 एयरपोर्ट हैं जिसमें राजधानी तिरूअनंतपुरम में हवाई अड्डा है और प्रमुख शहर कोच्चि में कोचीन इंटरनेशनल एयरपोर्ट है जहां आप इन एयरपोर्ट्स से केरल यात्रा की तैयारी कर सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

केरल घूमने के लिए नजदीकी रेलवे स्टेशन के रूप में तिरूअनंतपुरम रेलवे स्टेशन, त्रिवेद्रंम में है और एर्नाकुलम रेलवे स्टेशन, कोचीन में है। 

सड़क मार्ग से

केरल सड़क मार्ग से आंध्रप्रदेश और तमिलनाडु से सीधे तौर पर कनेक्टड है जहां आप बस या अपने वाहनो से केरल सैर के लिए पहुंच सकते हैं। 

5. शिमला, हिमाचल प्रदेश

बर्फीली जगह और शानदार दिसम्बर के मौसम में क्रिसमस की झलक यहां की खूबसूरती और भी ज्यादा बढा देती है। बर्फ की सफेद चादर के बीच झिलमिलाती रोशनियों के नज़ारे, चमकते हुए चीड़ देवदार के वृक्षों की श्रृंखलाएं क्रिसमस के हर्षोल्लास को और भी ज्यादा शानदार बनाते हैं। पहाड़ी इलाके में यह रोशनी से झिलमिलाता त्यौहार बेहद आकर्षक और लुभावना प्रतीत होता है। अगर आप भी शिमला की बर्फ से लदी पहाड़ियों के बीच बेहतरीन क्रिसमस का त्यौहार मनाना चाहते हैं तो बर्फ के नजारें, जन्नत का स्पर्श कराते हुए शानदार आकर्षक लगते हैं। 

घूमने योग्य आकर्षणः सेंट माइकल कैथेड्रल चर्च, क्राइस्ट चर्च शिमला, विंटर कार्निवाल का आनंद लें। 
करने योग्य गतिविधियांः आइस स्केटिंग, हाथ के बने ऊनी कपड़ों की खरीदारी, फोटोज़ खींचे, टॉय ट्रेन की सवारी करते हुए बर्फीले परिदृश्यों को देखें, मॉल रोड पर खरीदारी का आनंद लें। अंग्रेजों के समय के कैफे और रेस्टोरेंट में व्यंजनों का स्वाद चखें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

शिमला पहुंचने के लिए करीब 20 किमी दूरी पर स्थित जुब्बडहट्टी एयरपोर्ट है जहां विमानों की उपलब्धता सीमित होती है। आप चाहें तो चंडीगढ एयरपोर्ट से भी शिमला के लिए बस या टैक्सी के माध्यम से सफर कर पहुंच सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

शिमला का करीबी रेलवे स्टेशन जोगिंदर नगर है जहां से स्थानीय वाहनो के द्वारा शिमला की यात्रा कर सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

चंडीगढ के रास्ते एनएच 22 के रास्ते शिमला जाया जा सकता है। दिल्ली से शिमला की दूरी करीब 365 किमी है, जहां से बस या टैक्सी की मदद से शिमला की यात्रा सड़क रास्ते से आराम से तय की जा सकती है।

6. बैंगलोर

आईटी हब के नाम से मशहूर बैंगलोर कई मायनों में विशेष है जिसमें क्रिसमस के सेलिब्रेशन का जिक्र भी आता है। लजीज व्यंजनों और मिष्ठानों के स्वाद के अलावा इस त्यौहार पर होने वाली सजावट और रंगत देखते बनती है। क्रिसमस की पूर्व संध्या पर सजे हुए गिरिजाघर, सड़के और कैरोल की मधुर आवाजें दिसम्बर के खुशनुमा मौसम की ताजगी को बेहद ही शानदार बना देते हैं। विभिन्न वैराइटीज के केक व डिनर्स और इनके साथ अदरक वाली चाय की चुस्कियां बैंगलोर के क्रिसमस फेस्टिवल को और भी ज्यादा बेहतरीन बना देते हैं।

घूमने योग्य आकर्षणः इन्फैंट जीसस चर्च, सेंट फ्रांसिस जेवियर कैथेड्रल देखें। 
करने योग्य गतिविधियांः जगमगाती गलियों के रात्रिकालीन परिदृश्य, सूर्योदय सूर्यास्त के मनमोहक दृश्यों को देखें, बड़े पार्कों से लेकर आर्ट गैलरी की श्रृंखलाओं का आनंद लें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

बैंगलोर का मुख्य केम्पगोड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जो शहर से करीब 35 किमी दूरी पर है, बस या टैक्सी से पहुंच सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

प्रमुख रेलवे स्टेशन यशवतंपुर जंक्शन है जहां से स्थानीय टैक्सी या नम्मा मेट्रो परिवहन से बैंगलोर की यात्रा संपन्न कर सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

बैंगलोर एनएच 44, एनएच 48, एनएच 75 के जरिए देश के प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है जहां आप बस या कार की मदद से बैंगलोर की सैर पर निकल सकते हैं।

7. दिल्ली

क्रिसमस के समय दिल्ली में होने वाले उत्सव की चमक यहां के पार्क, होटल और गिरिजाघरों में स्पष्ट दिखाई देती है। क्रिसमस की पूर्व संध्या पर क्रिसमस सेलिब्रेशन कार्निवाल का आयोजन भी किया जाता है। इस दौरान मॉल एवं सड़के विशेष तरह से सजाईं जाती है। क्लब, पब में पार्टी वाइब्स क्रिसमस के रंग में रंगने लगती है। अगर आप क्रिसमस के समय दिल्ली में घूमने की ख्वाहिश रखते हैं तो यहां विकल्पों की भरमार है जहां आप फेस्टिवल एन्जॉए कर सकते हैं और भारत में क्रिसमस के दौरान घूमने वाली जगहों में से एक है।

घूमने योग्य आकर्षणः दिल्ली की सबसे बड़ी चर्च द कैथेड्रल ऑफ द सेक्रड हार्ट चर्च, सेंट माइकल चर्च, सेंट जेम्स चर्च,
करने योग्य गतिविधियां: ओमेक्स चौक पर और पंजाबी बाग क्लब में क्रिसमस कार्निवल का आनंद लें, बड़े रेस्टोरेंट में क्रिसमस सेलिब्रेशन देखने के साथ ही स्वादिष्ट व्यंजनों का स्वाद चखें। गिरिजाघरों में केक कटिंग के साथ ही उसका स्वाद चखें और म्यूजिक, डांस और फूड का मजा लें। 

कैसे पहुंचे

हवाई मार्ग से 

नई दिल्ली स्थित नजदीकी इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट से मेट्रो, टैक्सी या बस के माध्यम से दिल्ली भ्रमण कर सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

आनंद विहार, नई दिल्ली, निजामुद्दीन अन्य रेलवे स्टेशनों से दिल्ली पहुंचना आसान और किफायती है। 

सड़क मार्ग से 

देश की राजधानी दिल्ली प्रमुख शहरों से सड़क मार्ग से भली भांति जुड़ी हुई है जहां आप प्रमुख शहरों से बस, टैक्सी या स्वयं के वाहन से दिल्ली घूमने आ सकते हैं।

8. कोलकाता

पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता ब्रिटिशकालीन समय से बहुत ज्यादा प्रभावित रही है, ऐसे में क्रिसमस त्यौहार की रौनक अन्य जगहों से कुछ ज्यादा ही होती है। यहां कई चर्च, कैथेड्रल और कई ऐसे स्थान है जहां पर्यटक क्रिसमस की चकाचौंध उजाले और विभिन्न तरह की शानदार सजावट को देखकर प्रसन्नचित हो जाते हैं। दिसम्बर में मौसम की राहत इस माहौल को और भी ज्यादा खास बना देती है। 

घूमने योग्य आकर्षणः पार्क स्ट्रीट, सेंट पॉल्स कैथेड्रल चर्च, प्रिसेंप घाट, विक्टोरिया मेमोरियल, मैदान, इको पार्क 
करने योग्य गतिविधियांः लाइव बैंड और कैरोल्स का आनंद लें, एंग्लो इंडियन दावतें और विभिन्न जगहों पर नॉन वेजटेरियन का स्वादिष्ट स्वाद चखें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से

कोलकाता स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट से हवाई मार्ग से सफर कर कोलकाता की सैर की जा सकती है।

रेल मार्ग से

कोलकाता स्थित हावड़ा जंक्शन से स्थानीय वाहनों से कोलकाता एक्सप्लोर कर सकते हैं।

सड़क मार्ग से

दिल्ली नेशनल हाईवे 19 के माध्यम से आप कोलकाता सड़क रास्ते से बेहद आराम से पहुंच सकते है। जहां आप बस, टैक्सी या स्वयं की कार ड्राइव कर भी पहुंच सकते हैं।

9. दमन व दीवः

पुर्तगाली औपनिवेशिक के रूप में प्रतिष्ठित यह स्थान क्रिसमस त्यौहार एन्जॉए करने के लिए परफेक्ट जगह है। सांस्कृतिक प्रोग्राम्स के जरिए कोरिडिन्हो पुर्तगाली नृत्य शो के जरिए इस त्यौहार को मनाने का अनुभव लें। रात्रि के मध्य में होने वाली प्रार्थना सभा और जगमगाते दीपों की शानदार श्रृंखला दमन दीव को घूमने के लिए उपयुक्त बनाते हैं।

घूमने योग्य आकर्षणः कैथेड्रल ऑफ बीम जीसस, सेंट पॉल चर्च और अन्य गिरिजाघर। 
करने योग्य गतिविधियांः सांस्कृतिक गतिविधियों का आनंद लें और मध्य रात्रि में प्रार्थना सभा में भाग लें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

नजदीकी प्रमुख हवाई अड्डा दमन एयरपोर्ट है, जहां पहुंचकर आप दमन व दीव की यात्रा पूरी कर सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

वापी या वेरावल प्रमुख रेलवे स्टेशन से आप दमन व दीव की यात्रा को स्थानीय वाहनों की मदद से पूरा कर सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

यह क्षेत्र गुजरात और महाराष्ट्र से कई सड़क रास्तों से जुड़ा हुआ है जहां देश के प्रमुख नेशनल हाईवे जुड़े हुए हैं। स्थानीय तौर पर अहमदाबाद से दीव के लिए निजी और राज्य स्तर पर बसें चलती है जिनसे आप दमन एवं दीव को घूम सकते हैं। 

10. आइजोल, मिजोरम

पूर्वोत्तर भारत का ऐसा राज्य जो कला संपन्नता और ईसाई धर्म अनुयायियों के लिए प्रसिद्ध है। दिसंबर में होने वाले क्रिसमस की अद्भुत झलक यहां पर्यटकों को अपनी ओर आमंत्रित करती है। जहां जीवंत समारोहों, मिजो परंपराओं और आध्यात्मिक उत्सवों के लिए जाना जाता है। मिजोरम में ईसाई धर्म को मानने वालों की संख्या करीब 90 प्रतिशत है, इस वजह से यहा क्रिसमस त्यौहार बहुत ही हर्षोल्लास, जोश और उमंग के साथ मनाया जाता है। मध्यरात्रि को होने वाली प्रार्थना सभाएं, जहां भजन, उपदेश और अनुनय विनय किया जाता है। क्रिसमस त्यौहार पर स्वादिष्ट लजीज भोजन के स्वाद को चख दिया है। बच्चों के मधुर स्वर में कैरोलिंग गाया जाता है जो अंग्रेजी, मिजो और हिन्दी में गाए जाते हैं। 

घूमने योग्य आकर्षणः मिजोरम आइजोल में अवस्थित चर्चों का भ्रमण करें जैसे सुलैमान मंदिर जो एक प्रसिद्ध चर्च है। डंपा टाइगर रिजर्व, तामदिल झील, केवी पैराडाइज, वंतावंग झरना और अन्य आकर्षणों को देख सकते हैं। 
करने योग्य गतिविधियांः दिसम्बर के महीने में यहां कई सारे उत्सवों का आयोजन होता है जहा आप कई सारे उत्सवों में सम्मिलित हो सकते हैं। स्वदेशी शिल्प महोत्सव, थैंक्सगिविंग को मनाया जाता है। नववर्ष की तैयारियों के साथ ही शीतकालीन उत्सव और सांस्कृतिक प्रदर्शनियों का लुत्फ लें। 

कैसे पहुंचेः

हवाई मार्ग से 

आइजोल में आइजोल हवाई अड्डे के माध्यम से यात्रा पूरी कर सकते हैं। 

रेल मार्ग से 

आइजोल के करीब में मनु रेलवे स्टेशन की उपलब्धता है जिसकी आइजोल से दूरी करीब 78 किमी है। मुख्य स्टेशनों की बात करें तो लुमडिंग जंक्शन की दूरी करीब 229 किमी है। इसे आप स्थानीय बस या टैक्सी से तय कर सकते हैं। 

सड़क मार्ग से 

बस के माध्यम से आइजोल का सफर भारत के किसी भी कोने से तय कर सकते हैं जहां राजमार्गों के द्वारा पहुंच आसान हो गई है। 

11. नागालैंड

उत्तर पूर्व में बसा समृद्ध राज्य नागालैंड जो एक सुंदर और हरा भरा स्थलरूद्ध जगह है। यहां ईसाई धर्म के मानने वालों की संख्या ज्यादा होने के कारण क्रिसमस त्यौहार की तैयारियां और आनंद अद्भुत और विशेष होता है। यहां के प्रमुख सभी शहरों में इस त्यौहार के विभिन्न रंग देखने को मिलते हैं। नागालैंड के जादू नागा इस अवसर पर अपनी खुशी को अत्यंत सादगी और मधुरता से मनाते हैं, जिनके दिलों में उदारता और नेकदिली बसती है। नागालैंड के सबसे बड़े शहर दीमापुर हो, राजधानी कोहिमा या अन्य कोई शहर हो, क्रिसमस की छटा देखते बनती है। 

घूमने योग्य आकर्षणः वोखा जाप्फू पर्वतमाला की तलहटी में स्थित गांव में शांतिपूर्ण क्रिसमस का आनंद लें। तुएनसांग जो नागालैंड के पूर्वी हिस्से में है यहां क्रिसमस के कभी न भूलने वाले अनुभवों को सहेजे। मोकोकचुंग में एओ नागा जनजाति के पारंपरिक संगीत, नृत्य और भोजन के साथ क्रिसमस को मनाएं। सोम में कोन्याक नागा जनजाति के पांरपरिक अनुष्ठानों, रीति रिवाजों और डांस के लुत्फ के साथ इस त्यौहार को देखें। 
करने योग्य गतिविधियांः स्थानीय हस्तशिल्प से लेकर स्वादिष्ट व्यंजन के स्वाद को चखें, पांरपरिक नृत्य का आनंद लें। सजावट, रोशनी और उत्सव का भरपूर मज़ा लें। 

कैसे पहुंचेः

भारतीय यात्रियों को नागालैंड में सैर करने हेतु इनर लाइन परमिट की आवश्यकता होती है जिसे आप ऑनलाइन या दिल्ली, कोलकाता, गुवाहाटी या दीमापुर जैसे शहरो से प्राप्त कर सकते हैं। 

हवाई मार्ग से

नागालैंड की यात्रा करने के लिए नजदीकी एयरपोर्ट दीमापुर है जहां से नागालैंड की राजधानी की दूरी करीब 75 किमी है। 

रेल मार्ग से 

नजदीकी रेलवे स्टेशन दीमापुर रेलवे स्टेशन है। 

सड़क मार्ग से 

नागालैंड की यात्रा सड़क मार्ग से करने के लिए नागालैंड परिवहन या निजी वाहनों द्वारा असम के गुवाहाटी शहर के रास्ते नागालैंड की सैर की जा सकती है। 

निष्कर्षः

क्रिसमस 2025 का उत्सव जगमग रोशनियों की तरंगों, उल्लास और खुशियों को बिखेरने का पर्व है। जिसकी उत्साह, चमक और रौनक की झलक पहाड़ी क्षेत्रों की सफेद बर्फ से लेकर समुद्री तटों के उज्ज्वल किनारों तक, पूर्वोत्तर राज्यों की परंपराओं से लेकर दक्षिण के शहरों की विशेषताओं तक महसूस होती है। मौज मस्ती, धूम धड़ाका और बेमिसाल स्वाद के साथ प्रार्थना के सामूहिक स्वरों की गूंज क्रिसमस की खासियत है।

हमसे संपर्क करें
यात्रा विशेषज्ञबुकिंग की पुष्टिरद्द करना